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सूक्त ८७

6 मन्त्रों वाला सम्पूर्ण ऋग्वेद सूक्त: संस्कृत पाठ, IAST लिप्यन्तरण और उपलब्ध स्रोत-संगत ऐतिहासिक अंग्रेज़ी अनुवाद।

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सूक्त ८७

6 मन्त्रों वाला सम्पूर्ण ऋग्वेद सूक्त: संस्कृत पाठ, IAST लिप्यन्तरण और उपलब्ध स्रोत-संगत ऐतिहासिक अंग्रेज़ी अनुवाद।

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Rigveda 8.87.1

Rigveda 8.87.1
मूल पाठ

द्युम्नी वां स्तोमो अश्विना क्रिविर्न सेक आ गतम्। मध्वः सुतस्य स दिवि प्रियो नरा पातं गौराविवेरिणे॥

लिप्यन्तरण

dyumnī vāṁ stomo aśvinā krivirna seka ā gatam | madhvaḥ sutasya sa divi priyo narā pātaṁ gaurāviveriṇe ||

Rigveda 8.87.2

Rigveda 8.87.2
मूल पाठ

पिबतं घर्मं मधुमन्तमश्विना बर्हिः सीदतं नरा। ता मन्दसाना मनुषो दुरोण आ नि पातं वेदसा वयः॥

लिप्यन्तरण

pibataṁ gharmaṁ madhumantamaśvinā barhiḥ sīdataṁ narā | tā mandasānā manuṣo duroṇa ā ni pātaṁ vedasā vayaḥ ||

Rigveda 8.87.3

Rigveda 8.87.3
मूल पाठ

आ वां विश्वाभिरूतिभिः प्रियमेधा अहूषत। ता वर्तिर्यातमुप वृक्तबर्हिषो जुष्टं यज्ञं दिविष्टिषु॥

लिप्यन्तरण

ā vāṁ viśvābhirūtibhiḥ priyamedhā ahūṣata | tā vartiryātamupa vṛktabarhiṣo juṣṭaṁ yajñaṁ diviṣṭiṣu ||

Rigveda 8.87.4

Rigveda 8.87.4
मूल पाठ

पिबतं सोमं मधुमन्तमश्विना बर्हिः सीदतं सुमत्। ता वावृधाना उप सुष्टुतिं दिवो गन्तं गौराविवेरिणम्॥

लिप्यन्तरण

pibataṁ somaṁ madhumantamaśvinā barhiḥ sīdataṁ sumat | tā vāvṛdhānā upa suṣṭutiṁ divo gantaṁ gaurāviveriṇam ||

Rigveda 8.87.5

Rigveda 8.87.5
मूल पाठ

आ नूनं यातमश्विनाश्वेभिः प्रुषितप्सुभिः। दस्रा हिरण्यवर्तनी शुभस्पती पातं सोममृतावृधा॥

लिप्यन्तरण

ā nūnaṁ yātamaśvināśvebhiḥ pruṣitapsubhiḥ | dasrā hiraṇyavartanī śubhaspatī pātaṁ somamṛtāvṛdhā ||

Rigveda 8.87.6

Rigveda 8.87.6
मूल पाठ

वयं हि वां हवामहे विपन्यवो विप्रासो वाजसातये। ता वल्गू दस्रा पुरुदंससा धियाश्विना श्रुष्ट्या गतम्॥

लिप्यन्तरण

vayaṁ hi vāṁ havāmahe vipanyavo viprāso vājasātaye | tā valgū dasrā purudaṁsasā dhiyāśvinā śruṣṭyā gatam ||

स्रोत और सम्पादकीय विवरण

  1. Rigveda Mandala 8, machine-readable Sanskrit and Roman textMandala 8Sanskrit Documents
  2. Rigveda Shakala Samhita, Mandala 8, Sukta 87RV 8.87Vedic Heritage Portal, Ministry of Culture, Government of India
एक स्पष्ट उत्तर

सामान्य प्रश्न

सूक्त ८७ क्या है?

सूक्त ८७ सनातन धर्म ज्ञान-मानचित्र का एक बिन्दु है। यह पृष्ठ इसे उसके शास्त्रीय, दार्शनिक या जीवंत परम्परा के सन्दर्भ में रखता है और इसकी शाखाओं, स्रोतों तथा सम्बन्धित मार्गों से जोड़ता है।